इंडोनेशिया और फिलीपींस में चरमपंथी हमले
२५ सितम्बर २०११
इस्लामिक उग्रवादियों के छोटे संगठन 'अवियाह' ने रविवार सुबह दक्षिणी फिलीपींस की सैन्य चौकी पर हमला किया. सेना के मुताबिक करीब 50 उग्रवादी फायरिंग करते हुए जोलो द्वीप की मिलिट्री पोस्ट तक पहुंचे. कार्रवाई में 13 उग्रवादी और दो जवान मारे गए.
हमले के वक्त सैन्य चौकी में 60 से 90 नौसैनिक थे. प्रांत के सैन्य प्रवक्ता लेफ्टिनेंट कर्नल रानदोल्प काबांगबांग ने कहा, "शायद उन्होंने हमला गलत जानकारी के आधार पर किया. उन्हें लगा कि सुबह के वक्त जवान जाग ही रहे होंगे लेकिन ज्यादातर जवान उठ कर तैयार हो चुके थे." घटनास्थल से 13 चरमपंथियों के शव बरामद किए गए हैं. कुछ चरमपंथी जख्मी होने के बावजूद भागने में सफल रहे. हेलीकॉप्टरों से उनकी तलाश हो रही है.
काबांगबांग के मुताबिक उग्रवादी सैन्य चौकी पर कब्जा कर द्वीप को अपने नियंत्रण में लेना चाह रहे थे जो दक्षिणी फिलीपींस में मुस्लिम बहुल इलाका है. बीते दो दशक में दक्षिणी फिलीपींस में चरमपंथ काफी बढ़ा है. 1990 के दशक में अल कायदा की मदद से फिलीपींस में अबु सैफ नाम का चरमपंथी संगठन खड़ा हुआ. इस गुट ने फिलीपींस में कई बड़े आतंकवादी हमले किए हैं. अबु सैफ ने 2004 में फेरी बोट में धमाका कर 100 लोगों की जान ली.
सेना के मुताबिक दक्षिणी फिलीपींस में जोलो द्वीप और उसके आस पास के इलाकों के निवासियों के पास हथियार भी हैं. वहां गुंडागर्दी और अपहरण की घटनाएं आम हैं. अपराधों के अलावा दक्षिणी फिलीपींस में मादक पदार्थों का तस्करी भी होती है.
मुस्लिम गुट अलग देश की मांग कर रहे हैं. हालांकि इस वक्त अलगाववादी गुट सरकार के साथ शांति वार्ता कर रहे हैं. कई संगठनों का कहना है कि उनका अबु सैफ से कोई संबंध नहीं है. अबु सैफ को संयुक्त राष्ट्र आतंकवादी गुट घोषित कर चुका है. अबु सैफ से निपटने के लिए फिलीपींस को अमेरिकी सेना प्रशिक्षण भी दे रही है.
इंडोनेशिया:
इंडोनेशिया में भी रविवार को एक आतंकवादी हमला हुआ. सोलो शहर के चर्च को निशाना बनाया गया. पुलिस प्रवक्ता के मुताबिक संदिग्ध आत्मघाती हमलावर ने खुद को चर्च में उड़ा दिया. कम से कम 20 लोग घायल हुए हैं, जिनमें से कुछ की हालत गंभीर है. पुलिस अधिकारी दजिहार्तोनो ने कहा, "मुख्य गेट के पास एक शव मिला है. माना जा रहा है कि यही आत्मघाती हमलावर था."
स्थानीय रेडियो से बातचीत में एक व्यक्ति ने कहा, "वह करीब चार मीटर तक मेरे पीछे चला. वह यह दिखाने की कोशिश कर रहा था जैसे वह आम दिनों तक तरह चर्च जाना चाहता है." हमलावर की पहचान अभी तक नहीं हो सकी है.
इंडोनेशिया में दुनिया के सबसे ज्यादा मुसलमान रहते हैं. बीते एक दशक से देश आतंकवाद से जूझ रहा है. 2002 में बाली द्वीप में एक नाइटक्लब में धमाका हुआ. हमले में 202 लोग मारे गए, जिनमें ज्यादातर विदेशी नागरिक थे. उस हमले के बाद से अक्सर इंडोनेशिया से जातीय हिंसा और चर्चों को निशाना बनाने की खबरें आती रहती हैं.
रिपोर्ट: एजेंसियां/ओ सिंह
संपादन: वी कुमार