भारत हाफिज सईद को 2008 के मुंबई हमलों का मास्टरमाइंड मानता रहा है, जिनमें 166 लोग मारे गए थे. भारत की लंबे समय से मांग रही है कि पाकिस्तान उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करे. वहीं पाकिस्तान लगातार भारत से पुख्ता सबूतों की मांग करता रहा है. ऐसे में, पाकिस्तान पर चरमपंथियों के खिलाफ समान रूप से कड़ी कार्रवाई न करने का आरोप लगाने वालों के लिए हाफिज सईद हमेशा एक मुद्दा रहा है.
लेकिन सोमवार को हाफिज सईद को लाहौर में जमात उद दावा के मुख्यालय पर नजरबंद कर लिया गया. यह कदम ऐसे समय में सामने आया जब अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने आतंकवादी खतरे का हवाला देते हुए सात मुस्लिम बहुल देशों के नागरिकों के अमेरिका में प्रवेश पर अस्थायी रोक लगा दी. हालांकि इन देशों में पाकिस्तान का नाम शामिल नहीं है. लेकिन पाकिस्तान में अमेरिका की नई सरकार को लेकर कई तरह की आशंकाएं हैं. कुछ अधिकारी हाफिज सईद की गिरफ्तारी को इससे जोड़ कर देख रहे हैं.
देखिए अमेरिका ने कहां कितने बम गिराए
अमेरिका ने विदेशी जमीन पर 2016 में 2015 से भी ज्यादा बम गिराये. काउंसिल ऑफ फॉरन अफेयर्स के मुताबिक चुनिंदा देशों में 2015 में 23,171 बम गिराये गए जबकि 2016 में 26,171.
तस्वीर: Getty Images/J. Mooreतस्वीर: Getty Images/J. Moore तस्वीर: picture-alliance/dpa तस्वीर: Reuters//U.S. Navy/Mass Communication Specialist Seaman Anna Van Nuys तस्वीर: picture-alliance/AP Photo/K. Wigglesworth कुछ वरिष्ठ पाकिस्तानी अधिकारियों का मानना है कि हाफिज सईद को नजरबंद किए जाने के पीछे चीन का दबाव भी हो सकता है. समाचार एजेंसी रॉयटर्स ने कुछ अधिकारियों के हवाले से लिखा है कि चीन महीनों से गुपचुप तरीके से पाकिस्तान पर दबाव डाल रहा है कि वह हाफिज सईद और अन्य कट्टरपंथी इस्लामी नेताओं के खिलाफ कार्रवाई करे.
इस बीच, हाफिज सईद ने एक वीडियो जारी किया है, जिसमें अपनी नजरबंदी के लिए उसने पाकिस्तान सरकार पर विदेशी, और खासकर भारत और अमेरिका के दबाव को जिम्मेदार बताया है. वीडियो में हाफिज सईद को यह कहते हुए दिखाया गया है, "इस वक्त ट्रंप नया नया अमेरिका का राष्ट्रपति बना है और मोदी से बड़ी गहरी दोस्ती निभाना चाहता है. उनके साझा हित हैं.”
हाफिज सईद ने वीडियो में कहीं चीन का नाम नहीं लिया है, लेकिन इससे पहले वह इस्लाम को लेकर चीन की नीति का विरोध कर चुका है. पिछले साल चीनी राष्ट्रपति ने जब अपने देश के लोगों से बढ़ते इस्लामी रुझान से सावधान रहने को कहा, तो हाफिज सईद ने इस्लामाबाद में चीनी दूतावास में जाकर विरोध दर्ज कराने की बात कही थी. सईद ने कहा था कि चीन ऐसी बात कर पाकिस्तान से अपनी गहरी दोस्ती को नुकसान पहुंचा रहा है.
देखिए कितना सुंदर है पाकिस्तान
दुनिया के खूबसूरत पर्यटन स्थलों की जब बात चलती है तो पाकिस्तान का शायद ही जिक्र हो. बेशक इसकी वजह वहां चरमपंथी खतरा है, लेकिन पाकिस्तान में कई ऐसी जगह हैं जिन्हें देख कर मुंह से यही निकलेगा, वाह.
तस्वीर: DW/A. Bachaकश्मीर को धरती पर जन्नत का नाम दिया जाता है. इसका एक हिस्सा भारत के नियंत्रण में है तो दूसरा पाकिस्तान के. पूरे कश्मीर में ऐसे दिलकश नजारों की कमी नहीं है.
तस्वीर: picture-alliance/dpaये तस्वीर एक सैन्य हेलीकॉप्टर से ली गई है. ये पर्वत सियाचिन के हैं जिसे दुनिया का सबसे ऊंचा रणक्षेत्र कहते हैं. ये जगह पाकिस्तान में स्कारदू के करीब है.
तस्वीर: picture-alliance/dpa/K. Khawerये है पाकिस्तान की स्वात घाटी, जो तालिबानी चरमपंथियों को लेकर कई साल से सुर्खियों में रही है. लेकिन कुदरत ने यहां खूबसूरती दिल खोल लुटाई है.
तस्वीर: Adnan Bachaस्वात का इलाका इस कदर खूबसूरत है कि जब ब्रिटिश महारानी एलिजाबेथ ने यूसुफजई स्टेट ऑफ स्वात का दौरा किया तो उन्होंने इसे पूर्व का स्विट्जरलैंड कहा था.
तस्वीर: Adnan Bachaस्वात जिले में ही मिंगोरा शहर से 12 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है व्हाइट पैलेस. 1940 में इसका निर्माण उस समय हुआ जब स्वात एक रियासत हुआ करती थी. बताया जाता है कि ये उसी पत्थर से बना है जिससे ताजमहल बना.
तस्वीर: DW/A. Bachaदूर तक फैली हरियाली और बुलंदियों को छूते पर्वत इस इलाके की पहचान हैं, लेकिन हाल के सालों में बार बार चरमपंथ के कारण यहां सैलानियों ने जाना छोड़ दिया है.
तस्वीर: Adnan Bachaये स्वात का गबीना जब्बा इलाका है, जिसका पश्तो भाषा में अर्थ होता है शहद का दलदल.
तस्वीर: DW/A.Bacheयहां मधु मक्खियां बड़ी संख्या में पाई जाती हैं और यहां का शहद पूरे खैबर पख्तूनख्वाह प्रांत में मशहूर है. गबीना जब्बा में यूं ही दूर तक खुला आसमान दिखाई पड़ता है.
तस्वीर: DW/A.Bacheयहां ऐसे नजारे हैं कि देखते रहिए लेकिन जी नहीं भरेगा. ये इलाका बहुत सी उपयोगी जड़ी बूटियों से भी मालामाल है. ऐसे में यहां कई तरह के शोध भी होते रहते हैं.
तस्वीर: DW/A.Bacheपाकिस्तान में चरमपंथ के कारण जो क्षेत्र सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं उनमें देश का पर्यटन उद्योग प्रमुख है.
तस्वीर: DW/A.Bacheघनी वादियां और उनसे निकलता निर्मल पानी. हर तरफ बिखरी ऐसी खूबसूरती किसी को भी अपनी तरफ खींच सकती है.
तस्वीर: DW/A.Bacheये है उत्तरी पाकिस्तान में नंगा पर्वत जो दुनिया में नौंवा सबसे ऊंचा पर्वत है. इसकी ऊंचाई समुद्र तल से 8,126 मीटर है. ये गिलगित बल्तिस्तान में है और इस इलाके पर भारत भी अपना दावा जताता है.
तस्वीर: Getty Imagesनंगा पर्वत दुनिया के उन 14 पर्वतों में से एक है जिनकी ऊंचाई आठ हजार मीटर से ज्यादा है. कम ही लोग हैं जो इन पर्वतों पर चढ़ पाए हैं.
तस्वीर: dpaये नजारा है सिंधु घाटी का, जो पाकिस्तान के नॉर्दन एरियाज में है. पानी के बंटवारे को लेकर भारत और पाकिस्तान में सिंधु जल संधि है, लेकिन अब इस पर भी सवाल उठने लगे हैं.
तस्वीर: picture-alliance / dpaअफगानिस्तान से लगने वाले पाकिस्तान के कबायली इलाके बहुत खूबसूरत हैं. लेकिन इस स्वच्छ आबोहवा में कई सालों से हिंसा और नफरत घुली है.
तस्वीर: DW/A. Bacha दरअसल चीन अपने पश्चिमी प्रांत शिनचियांग से बढ़ती धार्मिक चरमपंथ से परेशान है जो धीरे धीरे अन्य इलाकों में भी फैल रहा है. चीन के शिनचियांग प्रांत की सीमाएं पाकिस्तान और अफगानिस्तान से लगती हैं. यह इलाका चीन में रहने वाले उइगुर मुसलमानों का है. हाल के समय में वहां हमले बढ़े हैं जिनमें सैकड़ों लोग मरे गए हैं. चीन की सरकार इसके लिए धार्मिक कट्टरपंथियों को जिम्मेदार मानती है. कट्टरपंथ को रोकने और स्थिरता बनाने के नाम पर सरकार ने धार्मिक गतिविधियों पर कई तरह की बंदिशें लगाई हैं.
एके/वीके (रॉयटर्स)